Monthly Archives: April 2009

पिता

पिता जीवन है, सम्बन्ध है, शक्ते है, …….. पिता पिता सत्य के निर्माण की अभिवियक्ति है, पिता अँगुली पकडे बच्चे का सहारा है, पिता कभी कुछ खट्टा कुछ खारा है, पिता पालन है, पोषण है, परिवार का अनुशासन है, पिता … Continue reading

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मैं एक आम इन्सान हूं…

मैं एक आम इन्सान हूं… मैं कम बोलता हूं, पर कुछ लोग कहते हैं कि जब मैं बोलता हूं तो बहुत बोलता हूं. मुझे लगता है कि मैं ज्यादा सोचता हूं मगर उनसे पूछ कर देखिये जिन्हे मैंने बिन सोचे … Continue reading

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